February, 2026 का मिथुन राशिफल - अगले महीने का मिथुन राशिफल
February, 2026
सामान्य
यह महीना आपके लिए मध्यम रूप से फलदायक रहने की संभावना है। महीने की शुरुआत में सूर्य, मंगल, बुध और शुक्र आपके अष्टम भाव में विराजमान रहेंगे और शनि पूरे महीने आपके दशम भाव में और वक्री बृहस्पति पूरे महीने आपकी राशि में उपस्थित रहेंगे। राहु नवम भाव में और केतु तीसरे भाव में उपस्थिति दर्ज कराएंगे। कार्यक्षेत्र में उतार-चढ़ाव के बाद स्थानांतरण के योग बन सकते हैं जबकि व्यापार करने वाले जातकों को उत्तम लाभ मिलने के योग बनेंगे। प्रेम संबंधों के लिए यह महीना अच्छा रहेगा। आप अपने प्रियतम के साथ अच्छा समय व्यतीत कर पाएंगे। वैवाहिक संबंध भी ठीक-ठाक रहेंगे और शादीशुदा जातक अपने जीवनसाथी के साथ अच्छा समय बिताने का प्रयास करेंगे और कहीं यात्रा पर जा सकते हैं। आपके मन में धार्मिक विचार आएंगे। कुछ खर्च अचानक से होंगे। आर्थिक रूप से महीना उत्तरार्ध में ज्यादा बढ़िया रहने की संभावना दिखाई दे रही है। विद्यार्थी वर्ग को कठिन चुनौतियों के बाद ही सफलता मिलने की स्थिति बनेगी इसलिए आपको लगातार परिश्रम करते रहना होगा। महीने की शुरुआत स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से अच्छी नहीं कहीं जा सकती है इसलिए आपको अपने स्वास्थ्य पर विशेष रूप से ध्यान देने की आवश्यकता होगी। इस महीने की शुरुआत में विदेश जाने के योग बन सकते हैं। अवांछित यात्राओं से बचें क्योंकि इससे शारीरिक क्षति और धन खर्च हो सकता है। वाहन सावधानी पूर्वक चलाएं अन्यथा समस्या हो सकती है।
कार्यक्षेत्र
फरवरी मासिक राशिफल 2026 के अनुसार, करियर के दृष्टिकोण से यह महीना ठीक-ठाक रहने की संभावना है। दशम भाव में पूरे महीने शनि महाराज विराजमान रहेंगे जो आपको लगातार मेहनत करने के लिए प्रेरित करते रहेंगे। वहीं दशम भाव के स्वामी बृहस्पति वक्री अवस्था में पूरे महीने आपके प्रथम भाव में विराजमान रहेंगे, जो आपकी बुद्धि को लगातार मेहनत करने के लिए प्रोत्साहित करेंगे। आप जितनी ज्यादा मेहनत करेंगे, उतना ही ज्यादा कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी। छठे भाव के स्वामी मंगल महाराज अपनी उच्च राशि मकर में महीने की शुरुआत में सूर्य, बुध और शुक्र के साथ अष्टम भाव में विराजमान होंगे और 23 तारीख से आपके नवम भाव में चले जाएंगे जिससे आप जितनी मेहनत करेंगे, उससे नौकरी में आपको सफलता मिलेगी। आपके अच्छे स्थानांतरण के योग भी बन सकते हैं। व्यापार करने वाले जातकों को इस महीने यात्रा करने से लाभ होगा। महीने की शुरुआत में व्यापार से संबंधित कुछ अच्छी सूचनाएं आपको मिलेंगी जिससे आपके व्यापार के प्रति आपके मन में और गहरी श्रद्धा और जोखिम उठाने की भावना उत्पन्न होगी जो अंततः आपको लाभ ही प्रदान करेगी और इससे आपके व्यापार को नई दिशा प्राप्त होगी। आपको किसी के कहने में आकर कोई निर्णय परिवर्तित करने से बचना चाहिए अपितु जिन पर आप पहले से भरोसा करते रहे हैं, उन्हीं पर भरोसा बनाए रखना चाहिए, इससे आपको लाभ होगा।
आर्थिक
यदि आपकी आर्थिक स्थिति को देखा जाए तो महीने की शुरुआत थोड़ी कमजोर रहेगी क्योंकि चार-चार ग्रह आपके अष्टम भाव में बैठे होंगे जो आपसे अनर्गल खर्च कराएंगे लेकिन इन्हीं ग्रहों के कारण अचानक से धन प्राप्ति के योग भी बनेंगे, फिर भी आपको कहीं भी धन निवेश करने से पहले कई बार सोचना होगा कि कहीं धन की हानि न हो जाए लेकिन 3 तारीख से बुध और 6 तारीख से शुक्र के नवम भाव में चले जाने से इन समस्याओं में कमी आएगी और उनके पीछे-पीछे 13 तारीख को सूर्य और 23 तारीख को मंगल भी आपके नवम भाव में आ जाएंगे। इस प्रकार से महीने के उत्तरार्ध तक पांच ग्रहों का प्रभाव नवम भाव पर होने से आपकी यात्राएं बढ़ेंगी, व्यापार से संबंधित यात्राएं लाभदायक साबित होंगी, नौकरी में स्थानांतरण होगा लेकिन अच्छी पदोन्नति होने के योग बन सकते हैं। आपके खर्चे तो रहेंगे लेकिन आपकी आमदनी में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने की स्थिति बन सकती है। संपत्ति से संबंधित लाभ होने के योग बनेंगे। यदि आपके पास कोई संपत्ति है, जिसे आप बेचना चाहते हैं तो इस दौरान उसके विक्रय हो जाने से भी आपको धन प्राप्ति के योग बन सकते हैं। यदि आपने शेयर बाजार में कुछ निवेश किया है तो महीने की शुरुआत में इसमें गिरावट आ सकती है लेकिन महीने के उत्तरार्ध में इस निवेश से आपको उत्तम धन लाभ की स्थिति बन सकती है।
स्वास्थ्य
यह महीना स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से थोड़ा कमजोर रहने की संभावना है क्योंकि आपकी राशि के स्वामी बुध महाराज महीने की शुरुआत में अष्टम भाव में अस्त अवस्था में शुक्र, सूर्य और मंगल के साथ विराजमान रहेंगे और सप्तम भाव के और दशम भाव के स्वामी बृहस्पति महाराज वक्री अवस्था में आपकी ही राशि में पूरे महीने विराजमान रहेंगे जिससे शारीरिक समस्याएं आपको पीड़ित कर सकती हैं और आपकी परेशानियों को बढ़ा सकती हैं। छठे भाव के स्वामी मंगल महाराज महीने की शुरुआत में अष्टम भाव में उच्च अवस्था में होंगे जो रक्त से जुड़ी समस्याएं, किसी प्रकार की दुर्घटना, आदि की स्थिति उत्पन्न कर सकते हैं इसलिए आपको इन सभी के प्रति सतर्कता बरतनी होगी। महीने के उत्तरार्ध में सूर्य, मंगल, बुध और शुक्र आपके नवम भाव में राहु के साथ विराजमान होंगे और उन पर वक्री बृहस्पति की दृष्टि भी होगी। इसके परिणाम स्वरूप आपके पिताजी की स्वास्थ्य समस्याएं बढ़ सकती हैं और आपको भी उनके स्वास्थ्य समस्याओं के कारण मानसिक चिंताएं होने की स्थिति बनेगी इसलिए आप उनका भी ध्यान रखें और अपने स्वास्थ्य पर भी ध्यान बनाए रखें। जोड़ों में दर्द, पेट से जुड़ी समस्याएं और रक्त से जुड़ी समस्याएं आपको परेशान कर सकती हैं। त्वचा संबंधित एलर्जी भी हो सकती है, इन सभी के प्रति सावधानी बरतें।
प्रेम व वैवाहिक
यदि आप किसी प्रेम संबंध में हैं तो आपके लिए महीना शुरुआत में थोड़ा परेशानी जनक रहेगा क्योंकि पंचम भाव के स्वामी शुक्र महाराज महीने की शुरुआत में अष्टम भाव में सूर्य, बुध और मंगल के साथ विराजमान रहेंगे लेकिन जैसे ही 6 तारीख होगी, शुक्र महाराज नवम भाव में राहु के साथ विराजित हो जाएंगे और बुध भी वहीं पर होंगे जिससे प्रेम संबंधों में प्रगति आएगी। आपके संबंध मजबूत होंगे, एक दूसरे के साथ प्रेम भरे पल बिताने का भरपूर मौका मिलेगा, आप अपने प्रियतम के साथ लंबी दूरी की यात्राओं पर जाएंगे, एक-दूसरे को समय देंगे जिससे आपके प्रेम में मजबूती के साथ-साथ एक दूसरे के साथ रहने का जज्बा उत्पन्न होगा। यह आपके रिश्ते को और बेहतर बनाएगा। विवाहित जातकों की बात करें तो सप्तम भाव के स्वामी बृहस्पति महाराज पूरे महीने आपके प्रथम भाव में बैठकर वक्री दृष्टि से आपके सप्तम भाव को देखेंगे जिससे वैवाहिक संबंध तो ठीक रहेंगे, कभी-कभी किसी बात को लेकर अहम का टकराव हो सकता है, फिर भी आपका रिश्ता अच्छे से चलेगा लेकिन अष्टम भाव में ग्रहों का जमावड़ा यह बताता है कि ससुराल पक्ष के लोगों से कभी प्यार भरी बातें तो कभी तकरार भी हो सकती है इसलिए अपने रिश्तों पर ध्यान दें। जीवनसाथी के स्वास्थ्य पर भी आपको ध्यान देना चाहिए।
पारिवारिक
यह महीना पारिवारिक तौर पर मध्यम रहने की संभावना दिखाई देती है। महीने की शुरुआत में मंगल, सूर्य, बुध और शुक्र, इन चार ग्रहों की दृष्टि आपके दूसरे भाव पर रहेगी और चतुर्थ भाव पर पूरे महीने शनि महाराज की दृष्टि रहेगी तथा 23 तारीख से नवम भाव में आकर मंगल भी आपके चतुर्थ भाव को देखेंगे। वहीं चतुर्थ भाव के स्वामी बुध महाराज महीने की शुरुआत में सूर्य, मंगल और शुक्र के साथ अष्टम भाव में और 3 तारीख से आपके नवम भाव में आ जाएंगे। इससे आपको कुछ राजयोग जैसे परिणाम भी मिलेंगे जिससे परिवार की आर्थिक स्थिति सुधरेगी। परिवार में आपसी सामंजस्य बेहतर होगा। कुछ बातों को लेकर मतभेद आवश्यक हो सकते हैं जिन्हें साथ मिलकर आप लोग निपटाने का प्रयास करेंगे और इससे पारिवारिक सामंजस्य बेहतर बनेगा। परिवार के लोगों में प्रेम की भावना रहेगी लेकिन सूर्य और मंगल का प्रभाव बीच-बीच में कुछ समस्या दे सकता है और आपसी खींचातानी हो सकती है, इसके बावजूद बुध और शुक्र का प्रभाव आपस में प्रेम को बढ़ाएगा। आपकी राशि में वक्री बृहस्पति के कारण आपको थोड़ा सा संतुलित रवैया अपनाना होगा। भाई-बहनों से महीने की शुरुआत में संबंध बिगड़ सकते हैं लेकिन 13 तारीख से सूर्य के नवम भाव में आ जाने से उन संबंधों में फिर से बहार आ जाएगी और आप और आपके भाई-बहनों के मध्य अच्छे संबंध बनेंगे, जो मधुर भी रहेंगे और आपको प्रेम भी देंगे। आप आवश्यकता होने पर एक दूसरे की सहायता भी करेंगे। आप उनके साथ कहीं घूमने भी जा सकते हैं। पिताजी को स्वास्थ्य समस्याएं महीने के उत्तरार्ध में ज्यादा परेशान कर सकती हैं इसलिए उनके स्वास्थ्य पर ध्यान दें।
उपाय
आपको बुधवार के दिन छोटी कन्याओं के चरण स्पर्श करके उनका आशीर्वाद लेना चाहिए।
गौ माता की जी भरकर सेवा करें।
शुक्रवार के दिन किसी महिला पुजारिन को सौंदर्य सामग्री भेंट करें।
शनिवार के दिन काले तिलों का दान करें।
यह राशिफल आपकी चंद्र राशि पर आधारित है। इसके अलावा व्यक्तिगत भविष्यवाणी जानने के लिए ज्योतिषियों के साथ फ़ोन पर या चैट पर जुड़े।